CTI ने जताई चिंता, कहा- सोने की मांग में भारी गिरावट की आशंका
हैदराबाद, 11 मई 2026 : हाल ही में हैदराबाद में आयोजित एक रैली के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा देशवासियों से एक वर्ष तक सोना न खरीदने की अपील किए जाने के बाद देशभर में ज्वेलरी और सोना कारोबार से जुड़े व्यापारियों तथा कंपनियों में हलचल मच गई है। प्रधानमंत्री की इस अपील को लेकर व्यापारिक संगठनों और ज्वेलरी उद्योग ने चिंता व्यक्त की है।
इस मुद्दे पर प्रतिक्रिया देते हुए दिल्ली एवं देश के व्यापारियों और उद्यमियों के संगठन ‘चैंबर ऑफ ट्रेड एंड इंडस्ट्री’ (CTI) के चेयरमैन बृजेश गोयल ने कहा कि प्रधानमंत्री की अपील के बाद ज्वेलरी उद्योग से जुड़े सैकड़ों कारोबारियों ने चिंता जाहिर की है। उनका कहना है कि इस तरह के बयान बाजार में अनिश्चितता और ग्राहकों के बीच डर का माहौल पैदा करते हैं।
CTI के अनुसार, चीन के बाद भारत दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा सोना उपभोक्ता देश है। ताजा आंकड़ों के मुताबिक भारत में हर वर्ष लगभग 700 से 800 टन सोने की खपत होती है। हालांकि प्रधानमंत्री की अपील के बाद यह खपत घटकर 500 टन तक पहुंच सकती है।
ज्वेलर्स का मानना है कि इस प्रकार की अपीलों का सीधा असर ग्राहकों की खरीदारी मानसिकता पर पड़ता है, जिससे सोने की बिक्री में भारी गिरावट आ सकती है। विशेष रूप से शादी-विवाह के सीजन में इसका बड़ा प्रभाव देखने को मिल सकता है। CTI चेयरमैन बृजेश गोयल ने कहा कि यह अपील ऐसे समय आई है जब देश में विवाह सीजन अपने चरम पर है, इसलिए उद्योग को मांग में बड़ी गिरावट की आशंका है।
CTI ने यह भी कहा कि इसका असर शेयर बाजार में सूचीबद्ध प्रमुख ज्वेलरी कंपनियों के शेयरों पर भी नकारात्मक रूप से पड़ सकता है। संगठन के अनुसार यह अपील ज्वेलरी उद्योग के लिए एक बड़ा झटका साबित हो सकती है और अब कारोबार को बनाए रखने के लिए उद्योग को नई रणनीतियां अपनानी पड़ेंगी।