नई दिल्ली, 24 अप्रैल 2026: भारत सरकार ने एक बड़ा कदम उठाते हुए पंजाबी गैंगस्टर कल्चर और कुख्यात गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के जीवन पर आधारित विवादित डॉक्युमेंट्री सीरीज ‘लॉरेंस ऑफ पंजाब’ पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है। यह सीरीज 27 अप्रैल को एक प्रमुख ओटीटी (OTT) प्लेटफॉर्म पर रिलीज होने वाली थी।
प्रतिबंध का मुख्य कारण
पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग द्वारा उच्च न्यायालय में दायर एक जनहित याचिका (PIL) के बाद यह फैसला आया है। याचिका में तर्क दिया गया था कि:
- अपराधियों और गैंगस्टरों का महिमामंडन करने वाली फिल्में और सीरीज पंजाब के युवाओं को गुमराह कर सकती हैं।
- ऐसा कंटेंट राज्य की कानून-व्यवस्था के लिए गंभीर खतरा पैदा कर सकता है।
सरकार और पुलिस का पक्ष
सुनवाई के दौरान, केंद्र सरकार के वकील ने अदालत को सूचित किया कि मामले की गंभीरता और पंजाब सरकार द्वारा जताई गई चिंताओं को देखते हुए सीरीज की रिलीज रोकने का निर्णय लिया गया है।
- पंजाब पुलिस और खुफिया एजेंसियां: इनका मानना है कि गैंगस्टरों को ‘नायक’ के रूप में पेश करने वाला कंटेंट सामाजिक सद्भाव के लिए हानिकारक है और युवाओं में आपराधिक प्रवृत्तियों को बढ़ावा दे सकता है।
- हाईकोर्ट की टिप्पणी: अदालत ने स्पष्ट किया कि आपराधिक गतिविधियों को बढ़ावा देने वाली सामग्री को ‘अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता‘ के नाम पर उचित नहीं ठहराया जा सकता।
निर्माताओं को लगा बड़ा झटका
प्रीमियर से महज तीन दिन पहले लगाए गए इस प्रतिबंध ने सीरीज के निर्माताओं और संबंधित ओटीटी प्लेटफॉर्म को बड़ा झटका दिया है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह कदम पंजाब में गैंगस्टर संस्कृति के खिलाफ चल रही कानूनी और प्रशासनिक कार्रवाई का एक कड़ा संदेश है।






