नई दिल्ली, 21 मार्च, 2026 : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को ईरान के राष्ट्रपति डॉ. मसूद पेजेशकियन से टेलीफोन पर बातचीत की। इस दौरान प्रधानमंत्री ने उन्हें ईद और नौरोज़ (ईरानी नववर्ष) की हार्दिक शुभकामनाएं दीं। बातचीत का मुख्य केंद्र पश्चिम एशिया में जारी तनाव और वैश्विक समुद्री व्यापार की सुरक्षा रहा।
प्रधानमंत्री मोदी ने क्षेत्र में अमन, स्थिरता और खुशहाली की कामना करते हुए ‘X’ (पूर्व में ट्विटर) पर साझा किया:
“राष्ट्रपति डॉ. मसूद पेजेशकियन से बात की और उन्हें ईद एवं नौरोज़ की बधाई दी। हमने आशा व्यक्त की कि ये त्योहार पश्चिम एशिया में शांति और स्थिरता लेकर आएंगे।”
क्षेत्र में चल रहे संघर्ष के बीच पीएम मोदी ने उन हमलों की कड़ी निंदा की जो महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचा रहे हैं और वैश्विक सप्लाई चेन (आपूर्ति श्रृंखला) को प्रभावित कर रहे हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि:
- समुद्री रास्तों की स्वतंत्रता और जहाजों के आवागमन के मार्ग खुले रहना वैश्विक अर्थव्यवस्था के लिए अनिवार्य है।
- हॉर्मुज की खाड़ी, जो दुनिया की 20% ऊर्जा आपूर्ति का मार्ग है, वहां सुरक्षा सुनिश्चित की जानी चाहिए।
विदेश मंत्रालय के अनुसार, भारत ने हमेशा संवाद और कूटनीति के माध्यम से समस्याओं के समाधान पर जोर दिया है। वर्तमान संघर्ष शुरू होने के बाद दोनों नेताओं के बीच यह दूसरी महत्वपूर्ण बातचीत थी (इससे पहले 12 मार्च को भी चर्चा हुई थी)।
उल्लेखनीय है कि पीएम मोदी ने इस मुद्दे पर ईरान के अलावा सऊदी अरब, यूएई, कतर, बहरीन, कुवैत, जॉर्डन, फ्रांस और मलेशिया के शीर्ष नेताओं से भी निरंतर संपर्क साधा है, ताकि क्षेत्र में शांति बहाली की कोशिशों को बल मिल सके।






