लंदन, 26 फरवरी 2026: पूर्वी ब्रिटेन के शहर पीटरबरो में स्थित लगभग 40 वर्ष पुराने हिंदू मंदिर और कम्युनिटी सेंटर पर बंद होने का खतरा मंडरा रहा है। स्थानीय प्रशासन द्वारा इमारत को बेचने के फैसले को बरकरार रखने के बाद यह स्थिति उत्पन्न हुई है। यह इमारत मंदिर को किराये पर दी गई थी।
भारत हिंदू समाज मंदिर की स्थापना वर्ष 1986 में शहर के न्यू इंग्लैंड कॉम्प्लेक्स में की गई थी। यह मंदिर कैंब्रिजशायर, नॉरफोक और लिंकनशायर से आने वाले 13,000 से अधिक हिंदुओं के लिए आस्था का केंद्र है।
मंदिर प्रशासन पीटरबरो सिटी काउंसिल से अपने फैसले पर पुनर्विचार करने की मांग को लेकर अभियान चला रहा है। इस महीने की शुरुआत में आयोजित एक कैबिनेट बैठक में पीटरबरो सिटी काउंसिल ने कहा कि संपत्ति की बिक्री से करदाताओं के लिए सर्वोत्तम मूल्य प्राप्त करना उसकी कानूनी जिम्मेदारी है।
मंदिर की ओर से जारी बयान में कहा गया, “हम भारत हिंदू समाज से संबंधित इमारत की बिक्री की कड़ी निंदा करते हैं। समुदाय द्वारा स्थापित संस्था को बिना पारदर्शिता या सहमति के बंद दरवाजों के पीछे नहीं बेचा जाना चाहिए।”
बयान में आगे कहा गया कि यह मामला केवल संपत्ति का नहीं, बल्कि विरासत, विश्वास और जवाबदेही का है। समुदाय जवाब का हकदार है, न कि गोपनीयता का। इस फैसले पर सवाल उठाए जाने चाहिए और इसका विरोध किया जाना चाहिए।
ब्रिटिश हिंदुओं का प्रतिनिधित्व करने वाली प्रमुख संस्था हिंदू काउंसिल यूके ने लेबर पार्टी के नेतृत्व वाली पीटरबरो सिटी काउंसिल के नए प्रशासन पर मंदिर के “सामाजिक प्रभाव मूल्य” को नजरअंदाज करने और इसकी मालिकाना हक भारत हिंदू समाज को हस्तांतरित करने की पूर्व प्रतिबद्धता से पीछे हटने का आरोप लगाया है।






