बरनाला, 15 जनवरी, 2026: ऑस्ट्रेलिया में हुई एक दर्दनाक घटना को लेकर बड़ी कार्रवाई करते हुए थाना महल कलां पुलिस ने पंजाबी युवक सरबजीत सिंह सेवा को आत्महत्या के लिए मजबूर करने के आरोप में उसकी पत्नी सहित ससुराल पक्ष के पांच सदस्यों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। यह कार्रवाई मृतक के पिता रणजीत सिंह (निवासी महल कलां) की लिखित शिकायत पर पुलिस जांच के बाद अमल में लाई गई।
रणजीत सिंह के अनुसार, उनके पुत्र सरबजीत सिंह का विवाह करीब 12–13 वर्ष पहले सुखजीत कौर (निवासी धूरकोट रणसीर, जिला मोगा) से हुआ था। विवाह के बाद आईलेट्स पास करने पर दोनों ऑस्ट्रेलिया चले गए, जहां उनके दो बच्चे हुए। शिकायत में आरोप है कि ऑस्ट्रेलिया पहुंचने के बाद पत्नी ने वीजा से जुड़े कागजातों पर हस्ताक्षर करवा लिए और बाद में इमिग्रेशन इंटरव्यू के बहाने सरबजीत को डिटेंशन सेंटर भिजवा दिया। वहीं उसे पता चला कि उसकी पत्नी ने ही उसे भारत वापस भेजने के लिए आवेदन किया था।
आरोप है कि पत्नी ने संयुक्त खाते की पूरी रकम निकलवा ली, गाड़ियां और निजी मकान अपने नाम करवा लिए। बच्चों से मिलने की कोशिश पर सरबजीत को पुलिस के जरिए जेल भिजवाने की धमकियां दी गईं। शिकायत के अनुसार, पत्नी के अलावा सास इंद्रजीत कौर, साली हरजीत कौर, साला जसदीप सिंह और ताया ससुर बूटा सिंह द्वारा उसे लगातार मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जाता रहा।
मृतक के पिता ने बताया कि 27 सितंबर 2025 को सरबजीत से उनकी आखिरी बातचीत हुई थी, जिसमें वह अत्यधिक तनाव में था। इसी मानसिक दबाव के चलते उसने उसी दिन ऑस्ट्रेलिया में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली।
पुलिस जांच और डीए लीगल की राय के अनुसार, भले ही घटना विदेश में हुई हो, लेकिन मृतक और आरोपी भारतीय नागरिक हैं, इसलिए उनके खिलाफ भारतीय कानून के तहत कार्रवाई की जा सकती है। इसी आधार पर थाना महल कलां में आईपीसी की धारा 108 (आत्महत्या के लिए उकसाना) के तहत मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी गई है। फिलहाल, ससुराल पक्ष की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।






