HomePatialaआप के पटियाला मेयर ने पटियालावासियों के सामने पेश किया अपना रिपोर्ट...

आप के पटियाला मेयर ने पटियालावासियों के सामने पेश किया अपना रिपोर्ट कार्ड

पूरे साल बिना छुट्टी और बिना गनमैन के जनता की शिकायतें सुनने वाले मेयर गोगिया ने नगर निगम के ऐतिहासिक फैसलों पर की विशेष बातचीत

पटियाला, 12 जनवरी, 2026 : आम आदमी पार्टी के मेयर कुंदन गोगिया ने कहा कि नगर निगम का हर फैसला शहरवासियों के हित को ध्यान में रखकर लिया जा रहा है। जहां फिजूलखर्ची पर रोक लगाई गई है, वहीं आय के स्रोत बढ़ाकर विकास कार्यों को नई दिशा दी गई है। उन्होंने कहा, “हमारा लक्ष्य सिर्फ विकास करना नहीं, बल्कि ईमानदार, पारदर्शी और जवाबदेह प्रशासन देना है। अनावश्यक खर्चों पर रोक लगाकर हमने यह साबित किया है कि जनता के टैक्स का हर रुपया सही जगह इस्तेमाल होगा। कर्मचारियों को समय पर वेतन मिलने से वे पूरे मन से काम कर रहे हैं, जिसका सीधा लाभ शहर को मिल रहा है। चाहे सफाई हो, सड़कें हों, पानी की आपूर्ति हो या बेसहारा जानवरों की देखभाल—हर क्षेत्र में नगर निगम पटियाला को एक आदर्श शहर बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। आने वाले समय में इलेक्ट्रिक बसें, मल्टी-स्टोरी पार्किंग और कूड़ा मुक्त पटियाला हमारे प्रमुख लक्ष्य हैं।”

यह बातें मेयर कुंदन गोगिया ने अपने कार्यकाल के एक वर्ष पूरे होने पर जनता के सामने रिपोर्ट कार्ड पेश करते हुए प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहीं।

यह उल्लेखनीय है कि कुंदन गोगिया को मेयर बने करीब एक साल हो चुका है, जिसके बाद उन्होंने निगम में कर्मचारियों और जनहित में कई अहम फैसले लिए। इसके अलावा उन्होंने अपने एक साल के कार्यकाल में पूरे साल कोई भी छुट्टी नहीं ली और कभी भी अपने लिए सरकार से गनमैन की मांग नहीं की। उन्होंने अधिक से अधिक जनहित में शिकायतों के समाधान के लिए टोकन सिस्टम समाप्त कर खुला दरबार व्यवस्था शुरू की, जिसमें बिना किसी झिझक और सिफारिश के लोगों को आने का निमंत्रण दिया गया। आज करीब एक साल पूरा होने पर उन्होंने अपना रिपोर्ट कार्ड जनता के सामने प्रस्तुत किया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के निर्देशों के अनुसार जनहित को प्राथमिकता देना उनकी मूल जिम्मेदारी है।

प्रॉपर्टी टैक्स और अन्य स्रोतों से बढ़ी आय

मेयर ने कहा कि निगम की आय का मुख्य स्रोत प्रॉपर्टी टैक्स रहा है। पिछले वर्ष (2023–24) इसी अवधि में प्रॉपर्टी टैक्स से 16.76 करोड़ रुपये एकत्र हुए थे, जो इस वर्ष सख्ती के कारण बढ़कर 28.52 करोड़ रुपये हो गए हैं। इस मद में सीधे 70% की वृद्धि दर्ज की गई है। अवैध कनेक्शनों पर की गई कार्रवाई के कारण यह आय 0.38 करोड़ से बढ़कर 1.42 करोड़ हो गई है, जो रिकॉर्ड 274% की बढ़ोतरी है। इसी तरह किराया और लीज से होने वाली आय भी 129% बढ़कर 0.17 करोड़ से 0.39 करोड़ हो गई है। इसके साथ ही विज्ञापन और गौ-सेस से होने वाली आय में भी 70% की वृद्धि हुई है। विज्ञापन के नए टेंडर पूरे होने से यह आय 1.94 करोड़ से बढ़कर 3.29 करोड़ हो गई है। इसके अलावा गौ-सेस की वसूली में भी 21% की वृद्धि हुई है, जो 0.86 करोड़ से बढ़कर 1.04 करोड़ हो गई है।

इसके अतिरिक्त निगम ने आकस्मिक और अनावश्यक खर्चों पर भी रोक लगाई है। पहले होने वाले 3 करोड़ 15 लाख के फिजूल खर्च को घटाकर अब सिर्फ 1 करोड़ 62 लाख कर दिया गया है। गौशाला की पेमेंट भी 1.07 करोड़ से बढ़ाकर 1.55 करोड़ की गई है, जिसमें 50 लाख रुपये एम.सी. फंड से दिए गए हैं।

पहली तारीख को मिलने वाली तनख्वाह से निगम ने रचा इतिहास

मेयर ने कहा कि निगम ने कर्मचारियों के लिए सबसे बड़ी राहत की घोषणा की है। पिछले कई वर्षों के इतिहास में यह पहली बार है कि सभी कर्मचारियों को हर महीने की पहली तारीख को वेतन मिलना शुरू हो गया है। वर्ष 2024–25 के दौरान वेतन बजट 95 करोड़ था, जो अब कर्मचारियों की संख्या 2000 होने के कारण बढ़कर 108 करोड़ हो गया है। इस भारी बजट के बावजूद, सही प्रबंधन के चलते वेतन समय पर मिल रहा है, जिससे कर्मचारियों में खुशी की लहर है और वे पूरी लगन से काम कर रहे हैं।

बकाया भुगतान जारी

मेयर ने कहा कि वेतन के अलावा निगम ने लंबे समय से रुके हुए बकाया भी चुकाए हैं। सेवानिवृत्त कर्मचारियों को लगभग 7 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया है, जिसमें 1 करोड़ 5 लाख रुपये वे थे जो काफी समय से रुके हुए थे। इसी तरह नियमित कर्मचारियों के 2 करोड़ रुपये के पीएफ और सीपीएफ जमा करवाए गए हैं तथा लंबित मेडिकल बिलों का निपटारा किया गया है।

डिजिटल सुविधाओं और सफाई व्यवस्था में बड़े सुधार

मेयर ने कहा कि नगर निगम ने लोगों को दफ्तरों के चक्कर से बचाने के लिए डिजिटल सेवाओं का विस्तार किया है। अब लोग घर बैठे ही पानी की सप्लाई के बिल ऑनलाइन भर सकते हैं। इसके अलावा प्रॉपर्टी टैक्स भरने के लिए क्यूआर (QR) कोड और अन्य सामान्य उपयोग की ऐप्स के माध्यम से भुगतान की सुविधा शुरू की गई है।

स्वच्छ शहर

सफाई व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए हर इलाके में सफाई कर्मचारियों और अधिकारियों की जवाबदेही तय की गई है। शहर से कूड़े के 20 सेकेंडरी पॉइंट समाप्त कर दिए गए हैं और बीमारियों को फैलने से रोकने के लिए बाकी बचे पॉइंट्स की रोजाना सफाई की जा रही है। इसके अलावा स्प्रिंकलिंग के लिए नई गाड़ियां खरीदी गई हैं। साथ ही शहर को कूड़ा मुक्त बनाने के लिए 51 करोड़ रुपये का नया टेंडर भी जारी किया गया है।

ई-ऑफिस प्रणाली

मेयर ने कहा कि पारदर्शिता की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए निगम में ‘ई-ऑफिस’ लागू किया गया है, जिससे दफ्तरों का कामकाज अधिक चुस्त और पारदर्शी हो गया है। इससे अनावश्यक कागजी कार्रवाई खत्म हुई है और पर्यावरण की भी रक्षा हो रही है। डाक और शिकायतों का निपटारा अब तेज़ी और जवाबदेही के साथ हो रहा है, जिससे आम लोगों की परेशानी कम हुई है।

पशुधन की देखभाल

मेयर ने कहा कि बेसहारा गायों के लिए गाजीपुर गौशाला में 1500 गायों के लिए नया शेड तैयार किया गया है। इसके साथ ही डेयरी मालिकों के लिए अबलोवाल में बनाया गया डेयरी प्रोजेक्ट भी शहरवासियों के लिए वरदान साबित होगा। इसके अलावा कुत्तों की नसबंदी और इलाज के लिए पहले से ही एबीसी (एनिमल बर्थ कंट्रोल सेंटर) के माध्यम से ऑपरेशन, चिकित्सा सुविधाएं, साफ-सफाई और देखभाल की जा रही है, ताकि शहरवासियों को किसी प्रकार की परेशानी न हो। इसके अतिरिक्त एक एकड़ में बनने वाले नए डॉग शेल्टर से भी शहरवासियों को राहत मिलेगी।

शहरी बुनियादी ढांचा और सौंदर्यीकरण

मेयर ने कहा कि शहर की सुंदरता बढ़ाने के लिए हरि सिंह नलुआ चौक, महाराजा अग्रसेन चौक और मेजर कुलदीप सिंह चौक का नवीनीकरण किया गया है। मॉडल टाउन में लाइब्रेरी और कम्युनिटी सेंटर जनता को समर्पित किए गए हैं। थापर यूनिवर्सिटी से जमीन लेकर अबलोवाल रोड को चौड़ा करने का कार्य और कौल वाले टोबे की 22 बीघा जमीन वापस मिलने के बाद उसकी योजना भी भविष्य के लिए बड़े कदम हैं।

भविष्य के लक्ष्य

मेयर ने कहा कि मॉडर्न फूड स्ट्रीट से लेकर इलेक्ट्रिक बसों तक आने वाले समय के लिए निगम ने कई महत्वपूर्ण लक्ष्य तय किए हैं। शहर में जल्द ही इलेक्ट्रिक बसें चलाई जाएंगी और ‘ई-निगम’ (E-Nigam) प्रोजेक्ट लागू किया जाएगा। पार्किंग की समस्या के समाधान के लिए मल्टी-स्टोरी पार्किंग बनाई जाएगी। इसके अलावा एक एकड़ में डॉग शेल्टर और एक एकड़ में मॉडर्न फूड स्ट्रीट बनाने की योजना है। शहरी ढांचे को सुधारने के लिए 34 किलोमीटर सड़कों की मरम्मत की जाएगी और शहर की आंतरिक सड़कों की सफाई सुनिश्चित की जाएगी। फोकल प्वाइंट के विकास के लिए 6 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे और स्पेशल असिस्टेंट ग्रांट के तहत 17 करोड़ रुपये के विकास कार्य पूरे करवाए जाएंगे। शहर को कूड़ा मुक्त बनाने के लिए कूड़े के ढेरों को स्थायी रूप से समाप्त करने का लक्ष्य भी रखा गया है। —

राजिंदर मोहन (सचिव)

मेयर कार्यालय,पटियाला

83609 66060

 

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments