लुधियाना, 7 जनवरी 2026: पंजाब पुलिस ने लुधियाना में एक बड़े आतंकी हमले की साजिश को नाकाम करते हुए एक अलगाववादी संगठन से जुड़े दो सदस्यों को गिरफ्तार किया है। आरोपी लुधियाना में सरकारी कार्यालयों की रेकी (जासूसी) कर रहे थे और किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की तैयारी में थे। इस संबंध में जानकारी पंजाब के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) गौरव यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर साझा की।
डीजीपी गौरव यादव ने बताया कि पुलिस को खुफिया एजेंसियों से पुख्ता सूचना मिली थी, जिसके आधार पर स्टेट स्पेशल ऑपरेशन सेल (SSOC), एसएएस नगर ने काउंटर इंटेलिजेंस लुधियाना के सहयोग से कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि दोनों आरोपी विदेशी हैंडलरों के निर्देश पर टारगेट किलिंग की योजना बना रहे थे।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से एक 9 एमएम पिस्तौल और पांच जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। डीजीपी के अनुसार, शुरुआती जांच में यह भी पता चला है कि गिरफ्तार आरोपी यूके और जर्मनी में बैठे अपने हैंडलरों के संपर्क में थे और कट्टरपंथी विचारधारा से प्रभावित थे। हैंडलरों के निर्देश पर वे लुधियाना में सरकारी और प्रमुख संस्थानों की रेकी कर रहे थे।
डीजीपी ने बताया कि आरोपियों को कुछ खास व्यक्तियों के बारे में जानकारी इकट्ठा करने और जमीनी स्तर पर काम करने की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। वे लगातार जानकारी जुटाकर अपने विदेशी हैंडलरों तक पहुंचा रहे थे।
इस मामले में एसएसओसी पुलिस स्टेशन, एसएएस नगर में एफआईआर दर्ज कर ली गई है। पुलिस अब आरोपियों के अन्य संपर्कों, नेटवर्क और उन्हें दी गई अन्य जिम्मेदारियों की भी गहन जांच कर रही है। पंजाब पुलिस ने स्पष्ट किया है कि राज्य की सुरक्षा से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।






