पेमाइश, निशानदेही और प्लॉट आवंटन में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के दिए निर्देश
फ़तेहाबाद, 17 मार्च 2026 (संजीव शर्मा) : डीसी डॉ. विवेक भारती की अध्यक्षता में लघु सचिवालय के सभागार में भाखड़ा बांध विस्थापित गांवों के विकास कार्यों को लेकर एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में प्रत्येक गांव के विकास कार्यों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए गए।
बैठक के दौरान डीसी ने बीबीएमबी के अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी विस्थापित गांवों की बाहरी एवं आंतरिक पेमाइश प्राथमिकता के आधार पर करवाई जाए तथा स्पष्ट रूप से निशानदेही सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि इससे भूमि संबंधी विवादों का समाधान होगा और विकास कार्यों में गति आएगी। डीसी ने यह भी स्पष्ट किया कि निशानदेही के दौरान यदि कहीं भी अवैध कब्जा पाया जाता है, तो उसके खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाए।
पात्र व्यक्तियों को ही मिले प्लॉट का लाभ:-
बैठक में प्लॉट आवंटन के विषय पर भी विस्तारपूर्वक चर्चा की गई। डीसी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिन पात्र व्यक्तियों ने प्लॉट के लिए आवेदन किया है, उन्हें नियमानुसार प्राथमिकता के आधार पर प्लॉट आवंटित किए जाएं। उन्होंने कहा कि प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और निष्पक्ष होनी चाहिए तथा यह सुनिश्चित किया जाए कि कोई भी पात्र व्यक्ति योजना के लाभ से वंचित न रहे।
गांवों के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने पर जोर:-
बैठक के दौरान विभिन्न गांवों की पुरूषार्थ कमेटियों के प्रतिनिधियों ने अपने-अपने क्षेत्रों की समस्याएं और आवश्यकताएं रखीं। इनमें मुख्य रूप से चौपाल निर्माण, स्वच्छ पेयजल की समुचित व्यवस्था, जोहड़ों का सौंदर्यीकरण, गंदे पानी की निकासी के लिए प्रभावी ड्रेनेज सिस्टम, आंगनवाड़ी केंद्रों का निर्माण तथा गलियों को पक्का करने जैसी मांगें शामिल रहीं।
डीसी ने संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिए कि इन सभी मांगों को प्राथमिकता के आधार पर योजनाबद्ध तरीके से पूरा किया जाए, ताकि गांवों में मूलभूत सुविधाओं का स्तर बेहतर हो सके और ग्रामीणों को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
जनभागीदारी और समन्वय से विकास को मिलेगा बल:-
डीसी ने भाखड़ा विस्थापित गांवों की पुरूषार्थ कमेटियों की भूमिका को महत्वपूर्ण बताते हुए उन्हें सक्रिय बनाए रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनभागीदारी से ही विकास कार्यों को प्रभावी ढंग से लागू किया जा सकता है। साथ ही बीबीएमबी अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि वे कमेटियों और स्थानीय प्रशासन के साथ निरंतर समन्वय बनाए रखें, ताकि योजनाओं का क्रियान्वयन सुचारू रूप से हो सके।
उन्होंने अधिकारियों से कहा कि सभी विकास कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग की जाए और प्रगति की समय-समय पर समीक्षा सुनिश्चित की जाए, ताकि कार्यों में किसी प्रकार की देरी न हो। बैठक में जिला राजस्व अधिकारी श्याम लाल, जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी अनूप सिंह, बीबीएमबी के कार्यकारी अभियंता मनीष, एसडीओ अंचल जैन, भाखड़ा डैम विस्थापित एसोसिएशन के प्रधान हजारी लाल शर्मा सहित विभिन्न गांवों की पुरूषार्थ कमेटियों के प्रधान एवं सदस्य उपस्थित रहे।
फोटो: लघु सचिवालय के सभागार में भाखड़ा बांध विस्थापित गांवों के विकास कार्यों को लेकर समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए डीसी डॉ. विवेक भारती।






