10 लाख रुपये तक की महंगी कोक्लियर इम्प्लांट सर्जरी पंजाब सरकार करा रही है मुफ्त – डॉ. बलबीर सिंह
स्वास्थ्य मंत्री ने राजिंद्रा अस्पताल में पहली सफल कोक्लियर इम्प्लांट सर्जरी की लाभार्थी बच्ची और उसके माता-पिता से की मुलाकात
कहा, सरकारी अस्पतालों में निजी अस्पतालों से भी बेहतर इलाज सुविधाएं उपलब्ध
बच्ची के माता-पिता ने पंजाब सरकार, मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान, स्वास्थ्य मंत्री और डॉक्टरों का जताया आभार
पटियाला, 3 मार्च 2026: पंजाब के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने जन्मजात सुनने और बोलने में असमर्थ बच्चों के माता-पिता से अपील की है कि वे ऐसे बच्चों का मुफ्त इलाज कराने के लिए तुरंत राजिंद्रा अस्पताल, पटियाला में संपर्क करें।
स्वास्थ्य मंत्री यहां राजिंद्रा अस्पताल में पहली सफल कोक्लियर इम्प्लांट सर्जरी की लाभार्थी 4 वर्षीय बच्ची और उसके माता-पिता से मिलने पहुंचे थे।
डॉ. बलबीर सिंह ने कहा कि राजिंद्रा अस्पताल में विशेषज्ञ डॉक्टर पहले से मौजूद थे, लेकिन उपकरणों की कमी थी। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली सरकार ने इस कमी को दूर कर दिया है। अब वेंटिलेटर या तकनीकी संसाधनों की कमी के कारण किसी भी मरीज को निजी अस्पताल या पीजीआई नहीं जाना पड़ेगा।
उन्होंने बताया कि जन्मजात मूक-बधिर बच्चों के 10 से 12 लाख रुपये तक के महंगे इलाज के लिए अस्पताल में ईएनटी विशेषज्ञ तो उपलब्ध थे, लेकिन ऑडियोमेट्री, पैरा-स्टाफ, स्पीच थेरेपिस्ट और अन्य तकनीकी उपकरणों की कमी थी, जिसे अब पूरा कर दिया गया है। अब यह सुविधा सरकारी राजिंद्रा अस्पताल में उपलब्ध है।
समाना के निकट गांव कुलारां से आई बच्ची गुनीत कौर के माता-पिता परमजीत कौर और जसवीर दास ने पंजाब सरकार, मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान, स्वास्थ्य मंत्री डॉ. बलबीर सिंह तथा राजिंद्रा अस्पताल के ईएनटी विभाग के डॉक्टरों का धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि सरकार के प्रयासों से उनकी बच्ची अब आजीवन मूक-बधिरता की समस्या से मुक्त हो सकेगी और उसका भविष्य उज्ज्वल हो गया है।
चिकित्सा शिक्षा मंत्री ने बताया कि सरकारी अस्पतालों में लीवर और किडनी ट्रांसप्लांट सहित हृदय, मस्तिष्क और रीढ़ की हड्डी के ऑपरेशन भी किए जा रहे हैं। राजिंद्रा अस्पताल में सभी ऑपरेशन थिएटर मॉड्यूलर बनाए जा रहे हैं तथा ट्रॉमा सेंटर का निर्माण भी जारी है, जो मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान सरकार की एक बड़ी उपलब्धि है।
डॉ. बलबीर सिंह ने कहा कि पंजाब सरकार का मुख्य उद्देश्य राज्य के 3 करोड़ लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करना है और यह सुनिश्चित करना है कि सरकारी अस्पताल किसी भी निजी अस्पताल से कम न हों।
इस अवसर पर मेडिकल कॉलेज के डायरेक्टर-प्रिंसिपल डॉ. रमिंदरपाल सिंह सिबिया, मेडिकल सुपरिंटेंडेंट डॉ. विशाल चोपड़ा, ईएनटी विभाग के प्रमुख प्रो. (डॉ.) संजीव भगत और डॉ. दिनेश कुमार भी उपस्थित थे।
फोटो कैप्शन: स्वास्थ्य मंत्री डॉ. बलबीर सिंह पटियाला के राजिंद्रा अस्पताल में कोक्लियर इम्प्लांट वाली बच्ची और उसके माता-पिता से मुलाकात करते हुए।






