भाजपा द्वारा जिला स्तरीय किसान श्रमिक सम्मेलन का भव्य आयोजन
फतेहाबाद, 8 फरवरी, 2026 (संजीव शर्मा) : बीजेपी जिला कार्यालय में रविवार को जिला स्तरीय किसान-श्रमिक सम्मेलन का भव्य आयोजन किया गया। सम्मेलन में मुख्यातिथि के रूप में सुभाष बराला ने शिरकत की। कार्यक्रम की अध्यक्षता भाजपा के जिलाध्यक्ष एडवोकेट प्रवीण जोड़ा ने की। मंच पर पूर्व विधायक दुड़ाराम, सुरेन्द्र आर्य, वेद फुलां, भारत भूषण मिड्ढ़ा, भीम लाम्बा, ज्ञानीराम नायक व विद्यानसागर बाघला मौजूद रहे। राज्यसभा सांसद के पहुंचने पर जिलाध्यक्ष व पदाधिकारियों ने बुके भेंटकर उनका भव्य स्वागत किया। सम्मेलन में जिलेभर से बड़ी संख्या में किसान व खेत-मजदूर भाई-बहनों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
राज्यसभा सांसद सुभाष बराला ने जनसभा को संबोधित करते हुए राज्यसभा सांसद सुभाष बराला ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा प्रस्तुत केंद्रीय बजट पूरी तरह से किसान, खेत मजदूर और ग्रामीण भारत के उत्थान को समर्पित है। उन्होंने कहा कि यह बजट केवल आंकड़ों का दस्तावेज नहीं, बल्कि किसानों की आय बढ़ाने, खेती को लाभकारी बनाने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने का ठोस रोडमैप है। बराला ने कहा कि बजट में कृषि क्षेत्र के लिए रिकॉर्ड निवेश किया गया है, जिससे सिंचाई सुविधाओं का विस्तार, आधुनिक कृषि उपकरणों की उपलब्धता और फसल उत्पादन में बढ़ोतरी संभव होगी। किसानों को सस्ती दरों पर ऋण उपलब्ध कराने के लिए किसान क्रेडिट कार्ड योजना को और प्रभावी बनाया गया है, जिससे छोटे और सीमांत किसानों को भी सीधा लाभ मिलेगा। उन्होंने बताया कि न्यूनतम समर्थन मूल्य (रूस्क्क) की व्यवस्था को और मजबूत किया गया है, ताकि किसानों को उनकी फसलों का उचित मूल्य मिल सके और उन्हें बिचौलियों के चंगुल से मुक्ति मिले। सरकार ने फसल भंडारण के लिए गोदामों, कोल्ड स्टोरेज और कृषि अवसंरचना को बढ़ावा देने का निर्णय लिया है, जिससे किसानों को अपनी उपज औने-पौने दामों पर बेचने के लिए मजबूर न होना पड़े। राज्यसभा सांसद ने कहा कि पशुपालन, डेयरी और मत्स्य पालन को आय के वैकल्पिक स्रोत के रूप में विकसित करने के लिए बजट में विशेष प्रावधान किए गए हैं। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और खेत मजदूरों की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। बराला ने कहा कि प्राकृतिक खेती, जैविक खेती और आधुनिक तकनीक को बढ़ावा देकर सरकार किसानों की उत्पादन लागत को कम करने की दिशा में काम कर रही है। ड्रोन तकनीक, डिजिटल प्लेटफॉर्म और ई-नाम जैसी योजनाओं के माध्यम से किसानों को सीधे बाजार से जोड़ा जा रहा है। उन्होंने कहा कि खेत मजदूरों के लिए सामाजिक सुरक्षा योजनाएं, कौशल विकास कार्यक्रम और रोजगार से जुड़े प्रावधान इस बजट की बड़ी उपलब्धि हैं। इससे मजदूर वर्ग को सम्मानजनक जीवन और आर्थिक सुरक्षा मिलेगी। सुभाष बराला ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार का संकल्प है कि ‘किसान मजबूत होगा, तभी देश मजबूत होगा।’ सरकार किसानों के पसीने की हर बूंद की कीमत समझती है और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के लिए लगातार काम कर रही है। उन्होंने विश्वास जताया कि यह बजट किसानों, खेत मजदूरों और ग्रामीण युवाओं के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाएगा और भारत को विकसित राष्ट्र बनाने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा।
ट्रेड डील से किसानों के लिए खुले नए अवसर: प्रवीण जोड़ा
जिलाध्यक्ष एडवोकेट प्रवीण जोड़ा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मजबूत ट्रेड डील की हैं, जिनका सीधा लाभ किसानों, पशुपालकों और खेत-मजदूरों को मिलेगा। उन्होंने बताया कि नई ट्रेड व्यवस्था के तहत कुछ कृषि उत्पादों के आयात पर नियंत्रण से घरेलू किसानों को बेहतर बाजार मिलेगा। मसालों सहित कई फसलों के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अवसर बढ़े हैं, जिससे किसानों की आय में इजाफा होगा। उन्होंने कहा कि आम बजट में की गई घोषणाओं की जानकारी गांव-गांव तक पहुंचाई जाएगी, ताकि किसान जनहितैषी सरकार के प्रयासों को समझ सकें।
किसान-मजदूर हित में सरकार के कदम सराहनीय: दुड़ाराम
पूर्व विधायक दुड़ाराम ने कहा कि भाजपा सरकार ने हमेशा किसान और मजदूर वर्ग के हितों को प्राथमिकता दी है। उन्होंने कहा कि सिंचाई, फसल बीमा, कृषि अवसंरचना और ग्रामीण रोजगार से जुड़े फैसले किसानों के लिए लाभकारी सिद्ध हो रहे हैं। सरकार द्वारा खेती को आधुनिक बनाने और युवाओं को कृषि से जोडऩे के प्रयास सराहनीय हैं। दुड़ाराम ने कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि वे बजट की किसान-हितैषी योजनाओं की जानकारी गांव-गांव तक पहुंचाएं, ताकि अधिक से अधिक लोग इनका लाभ उठा सकें।
सम्मेलन में इंद्र गावड़ी, सविता टुटेजा, प्रमोद बैनीवाल, अशोक जाखड़, जिला मीडिया प्रभारी कंवल चौधरी, विकास शर्मा, जसवंत जाखड़, राधाकृष्ण नारंग, लख्मी शर्मा, बिट्टू गुज्जर, लायक राम गढ़वाल, रामकुमार मेहरा, राजेंद्र लाम्बा, रवि लाम्बा, राम सिंह मांझू, पवन भादू, पूनम सिंगला, नरेश टीटू, सुनील मेहता, राजबीर नहला सहित अनेक वरिष्ठ एवं कनिष्ठ कार्यकर्ता उपस्थित रहे।






