कहा, आदेशों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ की जाएगी कार्रवाई
पटियाला, 15 जून,2026 : पटियाला के जिला सामाजिक सुरक्षा अधिकारी वरिंदर सिंह टिवाणा ने बताया कि माननीय दिल्ली उच्च न्यायालय द्वारा राहुल सुनील बजाज बनाम मैथरी मूवी मेकर्स मामले में दिए गए निर्णय के अनुसार अब सभी सिनेमा घरों में दिव्यांगजनों के लिए विशेष सुविधाओं की व्यवस्था करना अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि न्यायालय के आदेशों तथा भारत सरकार के सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय द्वारा जारी नए दिशा-निर्देशों के बाद पटियाला जिला प्रशासन, उपायुक्त डॉ. हिमांशु अग्रवाल के नेतृत्व में इस दिशा में पूरी गंभीरता के साथ कार्य कर रहा है।
जिला सामाजिक सुरक्षा अधिकारी ने स्पष्ट कहा कि देश के कानून और न्यायालय के निर्णय के अनुसार दिव्यांग व्यक्तियों को भी मनोरंजन का समान अधिकार प्राप्त होना चाहिए, ताकि वे भी बिना किसी कठिनाई के फिल्मों का आनंद ले सकें।
उच्च न्यायालय के आदेशों का हवाला देते हुए वरिंदर सिंह टिवाणा ने बताया कि अब सिनेमा घरों में श्रवण बाधित व्यक्तियों के लिए स्क्रीन पर संवाद (सबटाइटल) प्रदर्शित करना अनिवार्य होगा। इसके साथ ही दृष्टिबाधित व्यक्तियों के लिए विशेष हेडफोन की व्यवस्था करनी होगी, जिनके माध्यम से वे फिल्म की कहानी और घटनाक्रम को सुनकर समझ सकेंगे।
उन्होंने बताया कि पंजाब सरकार के सूचना एवं लोक संपर्क विभाग के निर्देशों के अनुसार पटियाला जिले के सभी सिनेमा हॉलों में उपलब्ध सुविधाओं की वर्तमान स्थिति का निरीक्षण किया जा रहा है। इस संबंध में एक विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर पंजाब सरकार के मुख्यालय को भेजी जाएगी, जिसे आगे केंद्र सरकार को प्रेषित किया जाएगा।
जिला सामाजिक सुरक्षा अधिकारी ने जिले के सभी सिनेमा मालिकों को सख्त चेतावनी देते हुए कहा कि न्यायालय के आदेशों का उल्लंघन करने या किसी प्रकार की लापरवाही बरतने वालों के विरुद्ध लाइसेंस संबंधी नियमों के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।






