बाढ़ सुरक्षा कार्य निर्धारित समय सीमा में पूरा न करने पर कोई ढिलाई बर्दाश्त नहीं – डॉ. हिमांशु अग्रवाल
पटियाला, 22 अप्रैल, 2026: पटियाला के डिप्टी कमिश्नर डॉ. हिमांशु अग्रवाल ने जिले में बाढ़ सुरक्षा कार्यों का आकलन करते हुए मानसून सीजन की तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने सभी संबंधित विभागों को चल रहे प्रोजेक्ट समय पर पूरा करने के निर्देश दिए।
जिला प्रशासनिक परिसर में बैठक की अध्यक्षता करते हुए डिप्टी कमिश्नर ने घग्गर नदी सहित अन्य नदियों और नालों में पिछले वर्षों के दौरान आए पानी से हुए कटाव तथा निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति को गहराई से समझने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने आने वाले महीनों के लिए बाढ़ रोकथाम कार्यों को प्राथमिकता देने और सभी तैयारियां समय पर पूरी करने के निर्देश दिए।
डिप्टी कमिश्नर ने कहा कि निर्धारित समय सीमा के भीतर बाढ़ सुरक्षा कार्यों को पूरा करने में किसी भी प्रकार की देरी या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और संबंधित अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
डॉ. हिमांशु अग्रवाल ने ड्रेनेज विभाग को सभी चल रहे बाढ़ सुरक्षा कार्य जून के अंत तक पूरा करने के निर्देश दिए। शहर में बाढ़ संबंधी समीक्षा करते हुए उन्होंने नगर निगम अधिकारियों को मानसून शुरू होने से पहले जैकब और मॉडल टाउन ड्रेनों सहित सभी सीवर लाइनों की सफाई समय पर सुनिश्चित करने को कहा।
डिप्टी कमिश्नर ने घग्गर के बांधों को मजबूत करने के अलावा बड़ी नदी और छोटी नदी सहित नालों की सफाई कार्यों की समीक्षा करते हुए वर्ष 2019, 2023 और 2025 के दौरान आई बाढ़, विशेषकर निचले क्षेत्रों में जलभराव की स्थिति पर विस्तृत रिपोर्ट मांगी। उन्होंने कहा कि वे स्वयं चल रहे कार्यों का निरीक्षण करेंगे और किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
डिप्टी कमिश्नर ने प्रमुख स्थानों पर चल रहे बाढ़ सुरक्षा उपायों की भी समीक्षा की, जिनमें सराला हेड पर घग्गर से मिट्टी निकालने का कार्य, गांव माड़ू में घग्गर के किनारों को पत्थर लगाकर मजबूत करना तथा हरियाणा सिंचाई विभाग द्वारा हांसी-बुटाना नहर के साइफनों के नीचे से मिट्टी निकालने का कार्य शामिल है।
सभी विभागों को समय सीमा का सख्ती से पालन करने के निर्देश देते हुए डॉ. हिमांशु अग्रवाल ने संबंधित विभागों को विस्तृत कार्य योजनाएं बिना किसी देरी के प्रस्तुत करने को कहा। उन्होंने पीएसपीसीएल और फूड सप्लाई सहित अन्य विभागों को बाढ़ के दौरान प्रभावित होने वाले पावर स्टेशनों, गोदामों और अन्य बुनियादी ढांचे की सूची तथा उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने संबंधी जानकारी उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
इसके अलावा, उन्होंने पिछली बाढ़ के दौरान संपर्क से कटे गांवों और पीछे छूटे पशुओं वाले गांवों की जानकारी भी मांगी। उन्होंने अधिकारियों को सुरक्षा उपकरणों की सूची सहित एक व्यापक संचार योजना तैयार करने के निर्देश दिए।
बैठक में एडीसी (ग्रामीण विकास) दमनजीत सिंह मान, एडीसी (शहरी विकास) नवरीत कौर सेखों, एसडीएम नमन मारकन, रिचा गोयल, एपीएस सोमल और हरजोत कौर मावी, डीआरओ हरसिमरन सिंह, ड्रेनेज विभाग के कार्यकारी इंजीनियर आकाश अग्रवाल सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।






