पंजाब राज्य मानवाधिकार आयोग ने नगर निगम व DC को जारी किया नोटिस
लुधियाना, 14 फरवरी 2026: लुधियाना के सबसे व्यस्त इंटरस्टेट बस टर्मिनल (ISBT) के बाहर बना फ्लाईओवर यात्रियों के लिए ‘मौत का जाल’ साबित हो रहा है। फ्लाईओवर से तेज रफ्तार से उतरते वाहनों और सड़क पार कर रहे पैदल यात्रियों के बीच हो रही टक्करों के कारण कई कीमती जानें जा चुकी हैं।
प्रशासन की इस गंभीर लापरवाही का संज्ञान लेते हुए पंजाब राज्य मानवाधिकार आयोग (PSHRC) ने सख्त रुख अपनाया है। आयोग के चेयरपर्सन जस्टिस संत प्रकाश और सदस्य जस्टिस गुरबीर सिंह ने शिकायतकर्ता द्वारा दी गई शिकायत (Complaint No. 204/10/2026) पर कार्रवाई करते हुए नगर निगम आयुक्त और डिप्टी कमिश्नर लुधियाना को नोटिस जारी किए हैं।
आयोग ने दोनों अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे 12 मार्च 2026 को होने वाली अगली सुनवाई से पहले इस मामले में विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करें। शिकायतकर्ता का आरोप है कि ISBT के बाहर फुटओवर ब्रिज या अंडरपास न होने के कारण पैदल यात्री अपनी जान जोखिम में डालकर सड़क पार करने को मजबूर हैं।
सूत्रों के अनुसार मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस कमिश्नर कार्यालय द्वारा भी नगर निगम को पत्र लिखा गया था। शिकायतकर्ता ने सुझाव दिया है कि भारत नगर चौक के सामने (गर्ल्स गवर्नमेंट कॉलेज के पास) से हटाया गया फुटओवर ब्रिज यहां ISBT फ्लाईओवर पर स्थापित किया जा सकता है, जिससे लोगों को बड़ी राहत मिल सकती है।






