लुधियाना, 19 फरवरी 2026: लुधियाना के ऐतिहासिक गांव किला रायपुर में आयोजित ‘ग्रामीण ओलंपिक 2026’ के अंतिम दिन पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस वर्ष का आयोजन बेहद खास रहा क्योंकि पूरे 12 साल के लंबे इंतजार के बाद मैदान में बैलगाड़ियों की दौड़ (Bullock Cart Races) फिर से आयोजित की गई।
विरासत को बचाने के लिए बनाया कानून
समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा कि उनकी सरकार ने सत्ता में आते ही बैलगाड़ी दौड़ को फिर से शुरू करने के लिए विशेष कानून बनाया। उन्होंने भावुक होते हुए कहा कि बैलगाड़ियों की जोड़ी का संबंध गुरु नानक देव जी के समय से है और पंजाब के लोग इन बैलों को अपने बच्चों की तरह पालते हैं।
खराब सेहत के बावजूद खिलाड़ियों का बढ़ाया उत्साह
हाल ही में अस्पताल से डिस्चार्ज हुए मुख्यमंत्री ने अपनी सेहत का जिक्र करते हुए कहा, “मेरी सेहत अभी पूरी तरह ठीक नहीं है, लेकिन इस ऐतिहासिक खेल और पंजाब की विरासत के प्रति प्रेम मुझे यहाँ खींच लाया।” उन्होंने खेल के मैदान को राजनीति से दूर रखते हुए कहा कि यहाँ सभी पार्टियों के लोग खेल भावना के साथ एकजुट हुए हैं।
स्वास्थ्य और खेल बुनियादी ढांचे पर बड़े ऐलान
मुख्यमंत्री ने पंजाब के भविष्य को लेकर कुछ महत्वपूर्ण घोषणाएं भी कीं:
- मुफ्त इलाज: उन्होंने कहा कि अब 10 लाख रुपये तक का स्वास्थ्य कार्ड बनाया जा रहा है ताकि किसी भी बुजुर्ग की मृत्यु इलाज के अभाव में न हो।
- अंतरराष्ट्रीय बुनियादी ढांचा: राज्य में खेलों को बढ़ावा देने के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर का इन्फ्रास्ट्रक्चर तैयार किया जा रहा है ताकि युवाओं को नशे से दूर कर खेलों से जोड़ा जा सके।
मुख्य आकर्षण: 12 साल बाद दौड़ते बैल
इस वर्ष किला रायपुर खेलों का सबसे बड़ा आकर्षण 12 साल बाद हुई बैलगाड़ी दौड़ रही, जिसे देखने के लिए भारी जनसैलाब उमड़ा। सुप्रीम कोर्ट के प्रतिबंध के बाद इसे फिर से शुरू करना राज्य सरकार की बड़ी उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है।






