संगरूर, 08 जून,2026 : पंजाब कृषि विश्वविद्यालय के कृषि विज्ञान केंद्र (केवीके), संगरूर द्वारा गांव खेड़ी, जिला संगरूर निवासी किसान सरदार करनैल सिंह के खेत में तरबूज की नई किस्म ‘पंजाब मिठास’ को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से खेत दिवस का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में जिले के विभिन्न गांवों से 50 से अधिक किसान भाई-बहनों ने भाग लिया।
डॉ. मनदीप सिंह, प्रभारी, केवीके संगरूर के मार्गदर्शन में आयोजित इस खेत दिवस का मुख्य उद्देश्य फसल विविधीकरण में सब्जियों के योगदान के प्रति किसानों को जागरूक करना तथा सब्जियों की नई किस्मों और आधुनिक उत्पादन तकनीकों की जानकारी देना था।
खेत दिवस के दौरान डॉ. मनदीप सिंह ने किसानों को फसल विविधीकरण में सब्जियों की महत्वपूर्ण भूमिका के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने तरबूज की नई किस्म ‘पंजाब मिठास’ की विशेषताओं पर प्रकाश डालते हुए कहा कि किसान इस किस्म का बीज स्वयं तैयार कर सकते हैं तथा इसका बीज निजी कंपनियों की किस्मों की तुलना में कम लागत वाला है। इसके अलावा उन्होंने कृषि विज्ञान केंद्र द्वारा बागवानी के प्रसार हेतु चलाई जा रही विभिन्न गतिविधियों की जानकारी भी साझा की। उन्होंने बागवानी फसलों में उर्वरकों के संतुलित उपयोग के माध्यम से मिट्टी की उर्वरता, उत्पादन और गुणवत्ता बढ़ाने पर विशेष जोर दिया।
सहयोगी प्रोफेसर (बागवानी) डॉ. रविंदर कौर ने इस किस्म की खेती संबंधी विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि यह किस्म फरवरी के दूसरे पखवाड़े में बोई जाती है और लगभग 99 दिनों में पहली तुड़ाई के लिए तैयार हो जाती है। इसके फल मध्यम आकार के (3 से 3.5 किलोग्राम) होते हैं तथा फल का गूदा गहरा लाल और कम बीज वाला होता है। एक फल में लगभग 300 बीज होते हैं।
उन्होंने बताया कि यह किस्म स्वाद, गुणवत्ता और मिठास जैसे गुणों से भरपूर है। इसके फल का छिलका मोटा होने के कारण इसे दूर-दराज की मंडियों तक आसानी से भेजा जा सकता है। इस किस्म की औसत उपज लगभग 179 क्विंटल प्रति एकड़ है।
सहायक प्रोफेसर (गृह विज्ञान) डॉ. वितास्ता ने किसानों को तरबूज के पोषण संबंधी गुणों तथा इससे तैयार किए जा सकने वाले विभिन्न खाद्य उत्पादों की जानकारी दी।
प्रश्नोत्तर सत्र के दौरान किसानों ने विशेषज्ञों से खेती एवं बागवानी संबंधी विभिन्न प्रश्न पूछे, जिनका वैज्ञानिक आधार पर संतोषजनक उत्तर दिया गया।
कार्यक्रम के अंत में किसानों को तरबूज की नई किस्म ‘पंजाब मिठास’ के खेत का दौरा करवाया गया। इस दौरान किसानों ने इस किस्म की विशेषताओं पर खुलकर चर्चा की और इसके स्वाद का भी आनंद लिया।





