चंडीगढ़, 4 दिसंबर: पंजाब के वित्त मंत्री और आप नेता हरपाल सिंह चीमा ने केंद्र सरकार पर ‘संचार साथी’ मोबाइल ऐप के बहाने नागरिकों की निजता पर हमला करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि यह ऐप लोगों के निजी डेटा की जासूसी करने की “नई चाल” है और इसे पेगासस का बदला हुआ रूप बताया।
पार्टी मुख्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान चीमा ने कहा कि यह ऐप राज्य सरकारों और उनकी एजेंसियों को बाईपास कर केंद्र के हाथों में लोगों की निजी जानकारी सौंपने जैसा है, जो देश की संघीय संरचना के लिए खतरा है। उन्होंने आशंका जताई कि चुनावों और विरोध प्रदर्शनों के दौरान इसका इस्तेमाल राजनीतिक निगरानी के लिए किया जा सकता है।
चीमा ने यह भी कहा कि भारत पहले ही कई बड़े डेटा लीक का सामना कर चुका है, और ऐसे ऐप साइबर सुरक्षा को और कमजोर कर देंगे। उन्होंने इस कदम को “डिजिटल तानाशाही” बताते हुए भाजपा पर नागरिक स्वतंत्रता को खतरे में डालने का आरोप लगाया।
आम आदमी पार्टी ने इस ऐप का कड़ा विरोध करने का ऐलान किया है।






