पटियाला, 10 मई 2026 : पंजाब साहित्य सभा, पटियाला द्वारा गुरबाणी विचारधारा से जुड़े प्रसिद्ध साहित्यकार ग्रुप्ता दास के काव्य संग्रह “कालका से शिमला” का भव्य लोक-अपर्ण समारोह आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में अनेक साहित्यकारों, समाजसेवियों और बुद्धिजीवियों ने भाग लिया।
समारोह के दौरान वक्ताओं ने पुस्तक में प्रस्तुत विभिन्न अनुभवों और साहित्यिक दृष्टिकोण की सराहना की। मुख्य वक्ता डॉ. दर्शन सिंह ‘आशट’ ने कहा कि इस प्रकार की रचनाएँ पंजाबी साहित्य की समृद्ध परंपरा को आगे बढ़ाती हैं और समाज में जागरूकता का संदेश देती हैं।
कार्यक्रम में उप-मंडल आयुक्त शिवदुलार सिंह ढिल्लों, वाइस चांसलर डॉ. भूपिंदर सिंह ब्रार, और अन्य अतिथियों ने भी लेखक के साहित्यिक योगदान की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि यह पुस्तक जीवन के विविध पहलुओं को सरल और प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करती है।
समारोह में विभिन्न साहित्यकारों जैसे ओम प्रकाश सागर सूद संजय, बलबीर सिंह दिलदार, इंद्रजीत सिंह मुंडी, नवदीप सिंह मुंडी, बलजीत सिंह मूर्तिकार सहित कई गणमान्य व्यक्तियों ने विचार व्यक्त किए।
कार्यक्रम में साहित्यिक प्रस्तुति और काव्य पाठ भी हुआ, जिसने वातावरण को साहित्यिक रंगों से भर दिया। अंत में आयोजकों ने सभी अतिथियों का धन्यवाद किया और इस आयोजन को सफल बनाने में सहयोग देने वालों की सराहना की।