ज़ीरकपुर, 21 जनवरी 2026: पंजाब में बच्चों के इलाज में उपयोग होने वाले “एलमोंट किड कफ सिरप” को घटिया गुणवत्ता का बताते हुए फूड एंड ड्रग्स एडमिनिस्ट्रेशन (एफ़डीए) ने इसकी बिक्री, वितरण और उपयोग पर तत्काल प्रभाव से पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है। यह आदेश डिप्टी ड्रग्स कंट्रोलर (आई), सीडीएससीओ (पूर्वी ज़ोन) से प्राप्त जानकारी और सेंट्रल ड्रग्स लेबोरेटरी, कोलकाता की जांच रिपोर्ट के आधार पर जारी किया गया है।
जांच रिपोर्ट के अनुसार, एलमोंट किड (लेवोसेटिरिज़ीन डाइहाइड्रोक्लोराइड और मोंटेलुकास्ट सोडियम सिरप), बैच नंबर एएल-24002, निर्माण तिथि जनवरी 2025 और एक्सपायरी दिसंबर 2026 में गंभीर खामियां पाई गई हैं। यह दवा ट्राइड्स रेमेडीज़, हाजीपुर (बिहार) द्वारा निर्मित की गई है।
लैब परीक्षण में सिरप में एथिलीन ग्लाइकोल की मौजूदगी पाई गई, जो स्वास्थ्य के लिए अत्यंत हानिकारक और विषैला पदार्थ माना जाता है। इस कारण दवा को असुरक्षित घोषित किया गया है। विभाग द्वारा जारी पत्र में कहा गया है कि जनहित को ध्यान में रखते हुए इस उत्पाद पर पंजाब राज्य में तत्काल प्रभाव से पूरी तरह प्रतिबंध लगाया जा रहा है।
एफ़डीए पंजाब ने सभी खुदरा विक्रेताओं, वितरकों, पंजीकृत मेडिकल प्रैक्टिशनरों, अस्पतालों और स्वास्थ्य संस्थानों को सख्त निर्देश जारी किए हैं कि वे इस दवा को न खरीदें, न बेचें और न ही किसी मरीज को दें। इसके साथ ही राज्य के सभी जिलों को निर्देश दिए गए हैं कि यदि कहीं भी इस दवा का स्टॉक मौजूद हो, तो उसकी तत्काल सूचना ड्रग कंट्रोलर जनरल ऑफ इंडिया (डीजीजीआई), एफ़डीए पंजाब को दी जाए।
सभी ड्रग कंट्रोल अधिकारियों को आदेश दिया गया है कि उपलब्ध किसी भी स्टॉक को तुरंत जब्त किया जाए, नमूने एकत्र किए जाएं और आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू की जाए। विभागीय सूत्रों के अनुसार, यह आदेश पंजाब की सभी स्वास्थ्य संस्थाओं, ड्रग लाइसेंस धारकों, मेडिकल स्टोरों और अस्पतालों को भेज दिया गया है, ताकि घटिया दवाओं से होने वाले किसी भी संभावित नुकसान को समय रहते रोका जा सके।






