शिक्षा और समाज सेवा के क्षेत्र में दिया अमूल्य योगदान
चंडीगढ़, 28 जनवरी 2026: पंजाब के पूर्व मुख्य सचिव एवं सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी राजन कश्यप को गहरा आघात लगा है। उनकी धर्मपत्नी डॉ. मीना कश्यप, जो कि गवर्नमेंट होम साइंस कॉलेज, चंडीगढ़ में प्रोफेसर रह चुकी थीं, का 27 जनवरी 2026 को निधन हो गया। उनके निधन से शिक्षा जगत और सामाजिक क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है।
डॉ. मीना कश्यप एक प्रतिष्ठित शिक्षाविद् होने के साथ-साथ समर्पित समाजसेविका भी थीं। उन्होंने अपने पूरे जीवन में शिक्षा के प्रसार और मानवीय मूल्यों के लिए कार्य किया। सक्रिय शिक्षण से सेवानिवृत्ति के बाद भी वे समाज सेवा में लगातार जुटी रहीं। वे नियमित रूप से रक्तदान शिविरों का आयोजन करती थीं और अंगदान के प्रति लोगों को जागरूक करने में सक्रिय भूमिका निभाती रहीं।
परिजनों के अनुसार, डॉ. मीना कश्यप ने अपने अंतिम दिनों में भी नेत्रदान की इच्छा व्यक्त की थी, जो उनके करुणामय स्वभाव और मानव सेवा के प्रति आजीवन समर्पण को दर्शाता है।
परिवार की ओर से अंतिम संस्कार और प्रार्थना सभाओं का कार्यक्रम इस प्रकार घोषित किया गया है—
अंतिम संस्कार: शुक्रवार, 30 जनवरी 2026, प्रातः 11:30 बजे
राधा स्वामी कॉलोनी, डेरा ब्यास, जिला अमृतसर
अरदास: शनिवार, 31 जनवरी 2026, दोपहर 12:30 से 1:00 बजे तक
राधा स्वामी कॉलोनी, डेरा ब्यास, जिला अमृतसर
अंतिम अरदास:सोमवार, 2 फरवरी 2026, प्रातः 11:30 बजे
गुरुद्वारा, सेक्टर 11, चंडीगढ़
डॉ. मीना कश्यप अपने पीछे पति राजन कश्यप, पुत्री बिनती व दामाद शिविंदर, पुत्र अनुराग व बहू दीपिका को छोड़ गई हैं। परिवार का निवास स्थान 131, सेक्टर 10, चंडीगढ़ है।
उनके निधन को शिक्षा और समाज सेवा के क्षेत्र में एक अपूरणीय क्षति माना जा रहा है। अनेक गणमान्य व्यक्तियों, शिक्षाविदों और सामाजिक संगठनों ने शोक व्यक्त करते हुए परिवार के प्रति गहरी संवेदना प्रकट की है।






