पंजाब सरकार को यथास्थिति बनाए रखने का निर्देश
नई दिल्ली, 20 जनवरी 2026: सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को पंजाब सरकार को स्पष्ट निर्देश दिए कि वह ‘पंजाब केसरी’ अख़बार के प्रकाशन के खिलाफ कोई भी दमनात्मक कदम न उठाए। अदालत ने यह अंतरिम आदेश उस समय पारित किया जब इस मामले में पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट में अख़बार प्रबंधन की याचिका पर फैसला अभी सुरक्षित है।
शीर्ष अदालत ने साफ किया कि ‘पंजाब केसरी’ की प्रिंटिंग प्रेस बिना किसी रुकावट के पूर्ववत चलती रहेगी। यह राहत हाई कोर्ट के अंतिम फैसले तक और उसके बाद एक सप्ताह तक प्रभावी रहेगी।
मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति सूर्या कांत, न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची और न्यायमूर्ति विपुल पंचोली की पीठ ने यह आदेश वरिष्ठ अधिवक्ता मुकुल रोहतगी द्वारा अख़बार के पक्ष में की गई तत्काल अपील पर सुनवाई के बाद पारित किया।
पीठ ने कहा कि जब तक हाई कोर्ट इस मामले में अपना निर्णय नहीं सुना देता, तब तक यथास्थिति बनाए रखना आवश्यक है, ताकि अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और प्रेस की आज़ादी पर कोई प्रतिकूल प्रभाव न पड़े।
सुप्रीम कोर्ट के इस आदेश से ‘पंजाब केसरी’ प्रबंधन को बड़ी राहत मिली है और फिलहाल अख़बार का प्रकाशन निर्बाध रूप से जारी रहेगा।






