नागपुर, 16 जनवरी 2026: महाराष्ट्र के नागपुर ज़िले के रामटेक कस्बे में एक हैरान कर देने वाली घटना सामने आई है। यहां 103 वर्षीय बुजुर्ग महिला गंगाबाई सावजी सखारे, जिन्हें परिवार ने मृत मान लिया था, ने अपने अंतिम संस्कार से कुछ घंटे पहले अचानक उंगलियां हिलानी शुरू कर दीं। इससे यह स्पष्ट हुआ कि वह जीवित हैं।
परिवार के सदस्यों के अनुसार, गंगाबाई सखारे पिछले दो महीनों से बिस्तर पर थीं और बीते कुछ दिनों से वह रोज़ाना केवल दो चम्मच पानी के सहारे जीवित थीं। 12 जनवरी को उनके शरीर ने कोई प्रतिक्रिया देना बंद कर दिया, जिसके बाद परिवार ने उन्हें मृत मान लिया और अंतिम संस्कार की तैयारियां शुरू कर दी गईं।
घर के बाहर टेंट लगाया गया, कुर्सियां सजाई गईं, अंतिम संस्कार का सारा सामान इकट्ठा कर लिया गया और शव ले जाने के लिए वाहन भी बुक कर दिया गया। दूर-दराज़ से रिश्तेदार भी पहुंचने लगे थे। इसी बीच शाम करीब 7 बजे अचानक गंगाबाई के पैरों की उंगलियों में हरकत दिखाई दी।
गंगाबाई के पोते राकेश सखारे ने बताया,
“मैंने उनकी टांगों को हिलते हुए देखा और तुरंत मदद के लिए चिल्लाया। जब हमने उनकी नाक से रुई हटाई तो वह तेज़-तेज़ सांस लेने लगीं।”
इस घटना ने पूरे परिवार और इलाके में हैरानी और खुशी का माहौल पैदा कर दिया। दिलचस्प बात यह है कि 13 जनवरी को गंगाबाई सखारे का जन्मदिन भी था, जिसे लोग इस चमत्कार से जोड़कर देख रहे हैं।
फिलहाल गंगाबाई की स्थिति पर नज़र रखी जा रही है और परिवार इस अप्रत्याशित जीवनदान को किसी चमत्कार से कम नहीं मान रहा है।






