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एसआईआर पर बड़ा अपडेट: कई राज्यों में मतदाता सूची पुनरीक्षण की समयसीमा बढ़ी

नई दिल्ली, 16 जनवरी 2026: पश्चिम बंगाल सहित कई राज्यों में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर बड़ा अपडेट सामने आया है। भारत निर्वाचन आयोग ने पुदुचेरी, गोवा, लक्षद्वीप, राजस्थान और पश्चिम बंगाल में एसआईआर की समयसीमा बढ़ा दी है। अब दावा और आपत्ति दर्ज कराने की अंतिम तिथि 19 जनवरी 2026 कर दी गई है। इस संबंध में आयोग ने एक आधिकारिक नोटिफिकेशन जारी किया है।

निर्वाचन आयोग ने यह फैसला गुरुवार को एक पत्र के माध्यम से सूचित किया। यह निर्णय संबंधित राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्य निर्वाचन अधिकारियों की मांगों तथा सभी योग्य मतदाताओं को सूची में शामिल करने की आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, यह नोटिफिकेशन इन सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्य निर्वाचन अधिकारियों को संबोधित किया गया है।

नोटिफिकेशन में आयोग के 27 दिसंबर 2025 के उस पत्र का भी उल्लेख है, जिसमें एसआईआर का पूरा कार्यक्रम जारी किया गया था और 1 जनवरी 2026 को पात्रता तिथि के रूप में निर्धारित किया गया था। आयोग ने स्पष्ट किया है कि समयसीमा में यह विस्तार केवल दावे और आपत्तियां दर्ज कराने की अवधि के लिए लागू होगा।

इस फैसले के बाद मतदाताओं को अपने विवरण की जांच करने, आवश्यक घोषणाओं के साथ फॉर्म-6 भरकर नाम जोड़ने या किसी प्रकार की आपत्ति दर्ज कराने के लिए अतिरिक्त समय मिल गया है। निर्वाचन आयोग ने निर्देश दिए हैं कि इस नोटिफिकेशन को संबंधित राज्यों के राजपत्र के विशेष अंक में तुरंत प्रकाशित किया जाए और इसकी तीन प्रतियां आयोग के रिकॉर्ड के लिए भेजी जाएं।

मुख्य निर्वाचन अधिकारियों को यह भी कहा गया है कि इस समयसीमा विस्तार की जानकारी मीडिया, बूथ लेवल ऑफिसर्स (बीएलओ), ऑनलाइन पोर्टल और मोबाइल ऐप्स सहित सभी माध्यमों से व्यापक रूप से प्रचारित की जाए, ताकि अधिक से अधिक मतदाता इसका लाभ उठा सकें।

आयोग ने सभी संबंधित अधिकारियों को संशोधित कार्यक्रम का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए हैं, ताकि चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता और सटीकता बनी रहे। यह एसआईआर अभ्यास वर्ष 2026 में होने वाले विभिन्न राज्यों के विधानसभा चुनावों से पहले मतदाता सूचियों को अद्यतन करने का अहम हिस्सा है। इसका उद्देश्य हर योग्य नागरिक को मतदाता सूची में शामिल करना और अपात्र प्रविष्टियों को हटाना है।

गौरतलब है कि पहले किए गए संशोधनों में नामांकन की अवधि, जो अधिकांश राज्यों में 11 दिसंबर 2025 को समाप्त हुई थी, और प्रारूपित सूची का प्रकाशन 16 दिसंबर 2025 को किया गया था। अंतिम मतदाता सूची फरवरी 2026 में जारी की जाएगी। नए और पहली बार मतदान करने वाले मतदाताओं को सलाह दी गई है कि वे जल्द से जल्द फॉर्म-6 भरकर बीएलओ या ऑनलाइन माध्यम से जमा करें। इस फैसले का राजनीतिक दलों और नागरिक समाज के संगठनों ने स्वागत किया है।

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