नई दिल्ली,15 जनवरी, 2026: यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष एंटोनियो लुइस सैंटोस दा कोस्टा और यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन 25 से 27 जनवरी तक भारत के तीन दिवसीय राजकीय दौरे पर आएंगे। दोनों नेता 77वें गणतंत्र दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे।
अपने दौरे के दौरान दोनों नेता 27 जनवरी को होने वाले 16वें भारत–यूरोपीय संघ (EU) शिखर सम्मेलन की सह-अध्यक्षता भी करेंगे। इस दौरान वे राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात करेंगे और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ सीमित एवं प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता करेंगे। शिखर सम्मेलन के अवसर पर भारत–EU बिजनेस फोरम आयोजित किए जाने की भी संभावना है।
विदेश मंत्रालय के अनुसार, भारत और यूरोपीय संघ वर्ष 2004 से रणनीतिक साझेदार हैं। इससे पहले 15वां भारत–EU शिखर सम्मेलन 15 जुलाई 2020 को वर्चुअल माध्यम से आयोजित हुआ था। मंत्रालय ने कहा कि फरवरी 2026 में EU कॉलेज ऑफ कमिश्नर्स की ऐतिहासिक भारत यात्रा के बाद दोनों पक्षों के बीच सहयोग कई क्षेत्रों में और मजबूत हुआ है।
मंत्रालय ने यह भी कहा कि गणतंत्र दिवस में EU नेताओं की भागीदारी और 16वें शिखर सम्मेलन का आयोजन भारत–EU रणनीतिक साझेदारी को और गहराई देने तथा आपसी हितों के प्राथमिक क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने में अहम भूमिका निभाएगा।
यह दौरा ऐसे समय हो रहा है जब भारत और यूरोपीय संघ के बीच मुक्त व्यापार समझौते (FTA) पर बातचीत उन्नत चरण में है। वाणिज्य सचिव राजेश अग्रवाल ने बताया कि FTA के तहत 24 में से 20 अध्यायों पर सहमति बन चुकी है, जबकि कुछ मुद्दों पर बातचीत जारी है। उन्होंने कहा कि दोनों पक्ष रोजाना के आधार पर संपर्क में हैं और प्रयास किया जा रहा है कि नेताओं की बैठक से पहले समय-सीमा पूरी की जा सके।
इससे पहले केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने इस महीने की शुरुआत में ब्रसेल्स का दो दिवसीय दौरा किया था, जिसे भारत–EU FTA वार्ता में एक महत्वपूर्ण प्रगति के रूप में देखा जा रहा है।






